शिक्षकों का सम्मान गौरवशाली परम्परा - श्री तिवारी

सतना। जिला स्तरीय शिक्षक दिवस समारोह के अवसर पर आज शासकीय उत्कृष्ट उ.मा.वि. व्यंकट क्रमांक एक सतना में जिले के 75 सेवानिवृत्त शिक्षकों का सम्मान विधायक सतना शंकरलाल तिवारी एवं जिला पंचायत उपाध्यक्ष डा. रश्मि सिंह ने शाल-श्रीफल से किया। शिक्षा विभाग के तत्वावधान में आयोजित हुए इस कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य श्री रामदीन वर्मा, भाजपा मंडल अध्यक्ष श्री सुनील सेनानी, जिला शिक्षा अधिकारी बी.एस. देशलहरा, प्राचार्य व्यंकट क्रमांक एक श्री जी.एस चौहान, एमएलबी प्राचार्य कुमकुम भट्टाचार्य, प्राचार्य कन्या धवारी श्री सुभाष मिश्रा, राज्य अध्यापक संघ के अध्यक्ष श्री शैलेन्द्र सिंह भी उपस्थित थे। कार्यक्रम के प्रारंभ में छात्राओं द्वारा अतिथि द्वय का बैज लगाकर स्वागत किया गया। सतना विधायक श्री तिवारी ने कहा कि वेद और पुराणों में भी शिक्षकों के महत्व और उनके सम्मान का उल्लेख मिलता है। गुरू और शिष्य परम्परा का आदर्श है। उन्होने कहा कि जिले में शिक्षकों का सम्मान गौरवशाली परम्परा रही है। जिले के सभी शिक्षक समुदाय को शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं देते हुये विधायक श्री तिवारी ने समारोह में उपस्थित शिक्षकों को शाल-श्रीफल से सम्मानित किया।  कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए जिला पंचायत उपाध्यक्ष डॉ. रश्मि सिंह ने कहा कि शिक्षा से ही समाज को सही दिशा दी जा सकती है। उन्होने कहा कि किताबो की सीख शिक्षा है और छात्र-छात्राओं को दिए गए संस्कार सही मायने में गुरू की दीक्षा कहलाती है। शिक्षा के मानक और संस्कार स्थापित करने वाले शिक्षाविद् डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जन्मदिन को शिक्षक दिवस के रूप मे मनाया जाना गौरव की बात है। कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि जिला पंचायत सदस्य श्री वर्मा ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। जिला शिक्षा अधिकारी श्री देशलहरा ने कहा कि सभी सेवानिवृत्त शिक्षकों के स्वत्वों का भुगतान शीघ्र और समय सीमा में सुनिश्चित किया जायेगा। शिक्षक दिवस समारोह का शुभारंभ अतिथि द्वय ने मॉ सरस्वती और डॉ. राधाकृष्णन के चित्र के समक्ष दीप प्रज्जलन और माल्यार्पण से किया। कार्यक्रम में सेवा निवृत्त शिक्षक सावित्री चतुर्वेदी, राजेन्द्र प्रसाद पाण्डेय, विनोद कुमार गौतम, सुरेन्द्र कुमार पाण्डेय, नीरज त्रिपाठी, वीरेन्द्र सिंह, कृष्ण कुमार चतुर्वेदी तथा राम किशोर सोनी को प्रतीक स्वरूप शाल श्रीफल एवं बैच लगाकर सम्मानित किया गया।